जब विश्व में कोविड-19 रोल आउट हुई, वैक्सीन लगवाने के लिए फ्लाइट का टिकट, आईफोन, वर्ल्ड टूर या मुफ्त में बीयर जैसी ऑफर रखे गए थे। फिलहाल तो दुनिया के कई देश अपने लोगों को वैक्सीन लगवाने के लिए करोड़ों का ऑफर दे रहे हैं।
बता दें कि अमेरिका, ब्रिटेन और रूस को पछाड़कर हांगकांग दुनिया में सर्वाधिक महँगे ऑफर देने वाला देश बन गया है। हांगकांग विश्व का ऐसा देश है जो कोरोना वायरस वैक्सीन लेने के लिए रोलेक्स की घड़ी, टेस्ला इलेक्ट्रिक कार, सोने की ईंट और ₹10 करोड़ का अपार्टमेंट देने की घोषणा की है। विजेताओं का चुनाव लॉटरी के जरिए होगा। इस लाटरी की घोषणा से वैक्सीन लगवाने वालों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हुई है।
विश्व का सबसे बड़ा खेल मेला “ओलंपिक” कहलाता है। ओलंपिक का आयोजन 4 वर्षों के बाद किया जाता है- ग्रीष्मकालीन ओलंपिक, शीतकालीन ओलंपिक एवं पैरा ओलंपिक। फिलहाल टोक्यो ओलंपिक चल रहा है।
बता दें कि ग्रीस यानि यूनान की राजधानी एथेंस में 1896 में प्रथम ओलंपिक का आयोजन किया गया था। ओलंपिक पर्वत पर खेले जाने के कारण इसका नाम ओलंपिक पड़ा।
जानिए कि आरंभ में इस खेलों में दौड़, मुक्केबाजी, कुश्ती, रथों की दौड़, घुड़सवारी, तलवारबाजी आदि सैनिक प्रशिक्षण का हिस्सा हुआ करता था। अब तक भारत 28 ओलंपिक मेडल जीता है जिसमें 7 गोल्ड है। ओलंपिक पर विश्व के लगभग 200 देशों के खिलाड़ियों की नजरें ओलंपिक के 25 से अधिक खेलों पर होती है। ओलंपिक अब आंदोलन का रूप ले रहा है। यही कारण है कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी बिहार में खेल विश्वविद्यालय स्थापित करने हेतु विधेयक पारित करा लिया है। यह खेल विश्वविद्यालय ऐतिहासिक स्थल राजगीर में स्थापित होगा। भारत के 28 राज्यों में बिहार छठा राज्य होगा जहां एक खेल विश्वविद्यालय स्थापित होने जा रहा है।
सभी खिलाड़ियों एवं खेल प्रेमियों ने सीएम नीतीश कुमार को कोटि-कोटि साधुवाद दिया है। अब बिहार की खिलाड़ी बेटियां भी मणिपुर की मीराबाई चानू की तरह बनना चाहती हैं जिसने विश्व में भारत को गौरवान्वित किया। बिहार की खिलाड़ी बेटियां भी सपना देखने लगी है कि उसे भी जीत कर घर लौटने पर एयरपोर्ट पर सीएम रिसीव करेंगे, रास्ते भर लोग खड़े होकर ग्रैंड वेलकम करेंगे। करोड़ों का गिफ्ट और प्रतिष्ठा का पद दिया जाएगा। मौके पर समाजसेवी डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने कहा कि खेल को करियर के रूप में स्वीकार करने पर ही खिलाड़ी खुद को और भारत को ऊंचाई प्रदान कर सकते हैं।
बता दें कि बिहार राज्य के सभी विश्वविद्यालयों में कार्यरत महिला शिक्षकों को भी अन्य महिला कर्मियों के समान 2 बच्चों की देखभाल के लिए सेवाकाल में 730 दिनों (2 वर्ष) का अवकाश दिया जाएगा।
शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने बिहार विधानसभा के चालू सत्र में सदन को यह जानकारी दी कि वर्ष 2015 में सीएम नीतीश कुमार के नेतृत्व में महिला कर्मियों को अवकाश देने का यह निर्णय लिया गया था। तब से सभी महिला कर्मियों को सेवा काल में दो बच्चों की देखभाल के लिए कुल 730 दिनों का अवकाश दिया जाता है यानि 2 वर्षों का सवैतनिक अवकाश।
जानिए कि शिक्षा मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि विश्वविद्यालयों को यूजीसी गाइडलाइंस के अनुसार चलना पड़ता है और यह भी कि यूजीसी एक स्वायत्त संस्था है फिर भी राज्य सरकार विश्वविद्यालय की महिला शिक्षकों को दो बच्चों की देखभाल के लिए 730 दिनों का अवकाश देने की अपने स्तर पर समीक्षा करके इसे लागू करायेगी तथा इस आशय का निर्देश विश्वविद्यालयों को भी देगी।
रही बात यूजीसी के प्रावधान लागू होने या नहीं होने की, तो इसका इस बात से कोई मतलब इसलिए नहीं कि यह बिहार की नीतीश सरकार का अपना फैसला है जिसे लागू करने के लिए सभी विश्वविद्यालयों को निर्देशित किया जाएगा।
जापान की राजधानी टोक्यो में इन दिनों विश्व का सबसे बड़ा खेल मेला लगा हुआ है। इस ओलंपिक खेल मेले को 2020 में होना था लेकिन कोरोना वायरस के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था। अब 2021 में इसे 23 जुलाई से 8 अगस्त तक आयोजित किया गया है।
बता दें कि स्टेडियम में दर्शकों की इंट्री पर रोक लगा दी गई है। खेल के कोच एवं खिलाड़ी भी कोरोनावायरस का पालन करते हुए देखे जा रहे हैं। खेलों के बाद खिलाड़ी को भी मास्क पहनते देखा जा रहा है।
फिर भी टोक्यो में 6 माह से ज्यादा समय बाद बीते 24 घंटे में कोरोना के रिकॉर्ड 2848 नए केस पाए गए हैं। कोरोना के दैनिक मामले ऐसे समय में बढ़ रहे हैं, जब यह टोक्यो शहर ओलंपिक खेलों की मेजबानी कर रहा है।
कोरोना विशेषज्ञ ने आगाह किया है कि 23 जुलाई (शुक्रवार) से शुरू हुए ओलंपिक खेलों के दौरान डेल्टा वेरिएंट के चलते कोरोना का कहर बढ़ सकता है। फिलहाल युवाओं एवं वैक्सीन नहीं लगाने वाले लोगों में संक्रमण बढ़ रहा है। इन दिनों टोक्यो के अस्पतालों में करीब 3000 कोरोना मरीज भर्ती हैं जिनकी संख्या निरंतर बढ़ रही है। क्योंकि, अभी तक जापानियों का टीकाकरण 25% ही पूरा हो पाया है।
यह भी जान लीजिए कि दो बार कोरोना संक्रमित हुए ब्रिटेन के स्विमर टॉम डीन ने पुरुष 200 मीटर फ्रीस्टाइल इवेंट में ओलंपिक गोल्ड मेडल जीता। 21 वर्षीय डीन ने इस दूरी को तय करने में 1 मिनट 44.22 सेकंड का समय लिया।
मिसाइलमैन भारतरत्न डॉ.एपीजे अब्दुल कलाम की 7वीं पुण्यतिथि टीपी कॉलेज के परिसर में प्रधानाचार्य प्रो.(डॉ.)केपी यादव की अध्यक्षता में समारोह पूर्वक मनाई गई।
बता दें कि कार्यक्रम “जो करेंगे मधेपुरा को गौरवान्वित, डॉ.मधेपुरी करेंगे उन्हें सम्मानित” का उद्घाटन करते हुए बीएन मंडल विश्वविद्यालय के विद्वान कुलपति प्रो.(डॉ.)आरकेपी रमण ने कहा कि हम कलाम के आदर्शो को जीवन में अपनाएं तभी यह आयोजन सफल होगा, सार्थक होगा। उन्होंने कहा कि कर्तव्यनिष्ठ मनुष्य को किसी के आगे झुकना नहीं पड़ता है। वह हमेशा कलाम की तरह सदैव आगे बढ़ता रहता है।
जानिए कि डॉ.कलाम के अत्यंत करीबी रह चुके मधेपुरा के भीष्म पितामह डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने विस्तार से रामेश्वरम से राष्ट्रपति भवन तक की यात्रा का वर्णन करते हुए तथा संस्मरणों की झड़ी लगाते हुए कहा कि डॉ कलाम अहंकार शूून्य महामानव के रूप में ताजिंदगी संपूर्ण भारतीय बने रहे। उन्होंने कहा कि डॉ.कलाम सरीखे संवेदनशील व्यक्तित्व विरले ही होते हैं।
Samajsevi Dr.Bhupendra Narayan Yadav Madhepuri felicitating Shivani Singh & Dr.Jawahar Paswan under the banner of “Jo Karenge Madhepura Ko Gauravanvit, Dr.Madhepuri karange Unhen Samannit.” on the occasion of Bharatratna Dr.APJ Abdul Kalam’s Punyatithi at TP College Madhepura.
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व कुलसचिव डॉ.कपिलदेव प्रसाद ने डॉ.कलाम की सादगी और कर्तव्यनिष्ठता को प्रेरणादाई बताया। कार्यक्रम के तहत हक की लड़ाई लड़ने वाले सिंडीकेट सदस्य डॉ.जवाहर पासवान एवं महिलाओं को शिक्षित करने वाली शिवानी सिंह को टीएनबी ट्रस्ट की ओर से डॉ.मधेपुरी द्वारा सम्मानित किया गया। दोनों कर्मवीरों को पाग, अंगवस्त्रम, बुके, मोमेंटो के अतिरिक्त ट्रस्ट द्वारा 1101 ₹ की राशि भी सम्मान में समर्पित की गई। इन दोनों कर्मवीरों प्रो.(डॉ.)जवाहर पासवान एवं शिक्षिका शिवानी सिंह ने अपने-अपने सामाजिक कर्मों की विस्तृत जानकारी देते हुए युवाओं को खूब प्रेरित किया।
बता दें कि अध्यक्षीय संबोधन में प्रधानाचार्य प्रो.(डॉ.) केपी यादव ने डॉ.कलाम की कर्तव्यिनष्ठा की चर्चा करते हुए माननीय कुलपति के कर्तव्यों के प्रति निष्ठा की भी सराहना की और दोनों कर्मवीरों को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। स्नातकोत्तर जंतु विभागाध्यक्ष प्रो.(डॉ.)अरुण कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए डॉ.कलाम को नमन किया।
मौके पर विश्वविद्यालय जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ.सुधांशु शेखर, कुलपति के निजी सहायक शंभू नारायण यादव, डॉ.किशोर कुमार सिंह, खेल गुरु संत कुमार, अशोक कुमार अकेला, डॉ.संजय परमार, रंगकर्मी विकास कुमार और अंतरराष्ट्रीय उद्घोषक पृथ्वीराज यदुवंशी सहित उपस्थित जनों ने कुलपति, मुख्य अतिथि, अध्यक्ष एवं डॉ.मधेपुरी के बाद बारी-बारी से कलाम साहब के तैल चित्र पर पुष्पांजलि की। आरंभ में कार्यक्रम का उद्घाटन कुलपति डॉ.आरकेपी रमण ने दीप प्रज्वलित कर किया। आरंभ से अंत तक उद्घोषक यदुवंशी ने श्रोताओं से खूब तालियां बटोरी। अंत में अध्यक्ष की सहमति से यदुवंशी ने कार्यक्रम समापन की घोषणा की।
टोक्यो- 2020 ओलंपिक के तीसरे दिन विश्व के सबसे बड़े खेल मेले में भारत की बेटियां छाई रही। पीवी सिंधु, एमसी मैरीकॉम एवं मनिका बत्रा ने भारत की बेटियों को अपनी बेहतरीन हुनर से खूब प्रोत्साहित की हैं।
बता दें कि मुक्केबाजी में मैरीकॉम और बैडमिंटन में पीवी सिंधु, ने दमदार आगाज करते हुए अपने-अपने मुकाबले आसानी से जीत लिए। भारत की खेल प्रेमी बेटियों को भरपूर प्रेरणाएं देती रही मैरीकॉम एवं सिंधु ने।
टेबल टेनिस स्टार मनिका बत्रा ने निराशा को आशा में बदल दिया और दमदार वापसी करते हुए उसने तीसरे दौर में जगह बना ली है। टीवी पर मनिका बत्रा का खेल देखते हुए क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले भारतरत्न सचिन तेंदुलकर ने कहा- “मनिका ने क्या शानदार वापसी की।”
चलते-चलते यह भी जानिए कि पीवी सिंधु का अगला मुकाबला 27 जुलाई को हांगकांग की सीए यी से होगी वहीं मैरीकॉम का अगला मुकाबला 29 जुलाई को कोलंबिया की वालेसिया विक्टोरिया से होगी।
दुनिया के सबसे बड़े खेल मेले “टोक्यो ओलंपिक- 2020” में मणिपुर की रहने वाली मीराबाई चानू ने 24 जुलाई को संपन्न हुए वेट लिफ्टिंग प्रतिस्पर्धा में सिल्वर मेडल जीतकर देश का नाम पदक तालिका में अंकित कराने का गौरव प्राप्त किया।
जानिए कि टोक्यो ओलंपिक- 2020 में 49 किलोग्राम के महिला वर्ग में प्रथम दिन ही सिल्वर मेडल जीतकर चानू ने 135 करोड़ भारतीयों के चेहरे पर मुस्कान लाकर संपूर्ण भारतीय खेल प्रेमियों के हौसले बुलंद कर दिया है।
भारत के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, गृह मंत्री, खेल मंत्री सहित सबों ने चानू को बधाइयों का तांता लगा दिया है। मणिपुर के सीएम एन बीरेन सिंह ने कहा कि चानू ने आज देश को गौरवान्वित किया है।
बता दें कि जहां प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि समस्त भारत चानू के शानदार प्रदर्शन से उत्साहित है वहीं गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि रजत पदक जीतने पर भारत को चानू पर गर्व है। टोक्यो में बेहतर शुरुआत के लिए खेल मंत्री ने शुभ शनिवार कहा। सारा भारत जश्न मना रहा है।
चलते-चलते यह भी कि समाजसेवी-साहित्यकार डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने सर्वाधिक चर्चित राजीव गांधी खेल रत्न से सम्मानित, वर्ल्ड चैंपियनशिप- 2017 के स्वर्ण पदक विजेता एवं कॉमनवेल्थ गेम्स- 2018 के स्वर्ण पदक विजेता रही मीराबाई चानू के टोक्यो- 2020 में पहले ही दिन सिल्वर मेडल से भारत का नाम पदक सूची में स्वर्ण अक्षरों स्वर्ण अक्षरों में अंकित कराने तथा खिलाड़ियों एवं खेल प्रेमियों को प्रोत्साहित करने हेतु उनके खेल के प्रति समर्पण को सलाम किया है।
इस बार टोक्यो ओलंपिक मिशन के लिए 126 भारतीय खिलाड़ी पदक का दावा पेश कर रहे हैं। कुल मिलाकर 18 खेलों की अलग-अलग स्पर्धाओं में चुनौती पेश करेंगे भारतीय खिलाड़ीगण ।
बता दें कि इस मिशन ओलंपिक की टीम में सात ऐसे जांबाज खिलाड़ी हैं जो आज की तारीख में खेल की दुनिया में नम्बर वन पर है। पहलवान विनेश फोगाट, वेटलिफ्टिंग मीरा बाई चानू, बैडमिंटन में पीवी सिन्धु के अतिरिक्त दर्जन भर खिलाड़ी पदक के बड़े दावेदार हैं।
भारतीय खिलाड़ियों को भिन्न-भिन्न विधाओं में भिन्न-भिन्न तिथियों को आप इस तरह देखकर प्रोत्साहित कर सकेंगे –
(1) निशानवाजी- 24 से 27 व 30-31 जुलाई तथा 2 अगस्त को
(2)तिरंदाजी – 24, 26 एवं 31 जुलाई को
(3)टेनिस – 24 जुलाई से 01 अगस्त तक
(4)बैडमिंटन – 30 जुलाई को अवश्य देखेंगे पीवी सिन्धु को
(5)एथलेटिक्स- 31 जुलाई तथा 2,3,5,6 एवं 7 अगस्त को
(6)कुश्ती – 4 से 7 अगस्त तक (6 को फोगाट को देखें)
(7)मुक्केबाजी- 1,4,5 एवं 6 अगस्त को
(8)नौकायन – 1,2 एवं 4 अगस्त को
(9) टेबल टेनिस – 26, 29 एवं 30 जुलाई को
(10)वेटलिफ्टिंग- 24 जुलाई को अवश्य देखेंगे चानू को (11)तैराकी – 26, 27, 28 एवं 31 जुलाई को (12)घुड़सवारी- 2 अगस्त.
(13)गोल्फ -1 एवं 7 अगस्त को
(14)रोइंग – 24 जुलाई को.
(15)तलवारबाजी- 26 जुलाई को
(16)जूडो – 24 जुलाई को
(17)हॉकी पुरुष – 24,25,27,एवं 30 जुलाई को
(18)हॉकी महिला – 24, 26, 28, 30 एवं 31 जुलाई को
बता दें कि बिहार में यदि कोरोना की स्थिति इसी प्रकार नियंत्रित रही तो 6 अगस्त के पहले भी बन्द चल रहे पहली से दसवीं तक के स्कूलों के खोलने पर फैसला सूबे के शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ले सकते हैं।
बकौल शिक्षा मंत्री विभाग और सरकार स्कूलों को खोलने के पक्ष में है, परन्तु इससे पूर्व आपदा प्रबन्धन समूह की बैठक में इसपर विचार-मंथन होगा | तभी स्कूल खोलने या न खोलने पर फैसला लिया जाएगा । ज्ञातव्य हो कि 12 जुलाई से दसवीं के ऊपर वाले स्कूल-कॉलेज 50% उपस्थिति के साथ खोले गये हैं।
चलते–चलते यह भी जानिए कि शिक्षा विभाग या सरकार बच्चों के जीवन को जोखिम में डालकर स्कूल खोलना नहीं चाहती । यह जानते हुए कि लगातर स्कूल बन्द रहने से छात्रों पर इसका बुरा प्रभाव पड़ता है। फिर भी कोरोना की स्थिति बदलने की आशंका बनी हुई है। ऐसा इसलिए कि चिकित्सकों एवं वैज्ञानिकों के वैचारिक आकलनों में भिन्नता हो जाती है।
अंत में स्कूली बच्चों की शिक्षा के प्रति शिक्षामंत्री
विजय कुमार चौधरी की व्याकुलता की सराहना
करते हुए समाजसेवी-साहित्यकार डॉ.भूपेन्द्र नारायण यादव मधेपुरी ने समस्त सूबे वासियों से कोरोना प्रोटोकॉल के नियमों को पूरी संजीदगी के साथ स्वीकार करने का अनुरोध किया है।
दुनिया की नम्बर वन रोवर ब्रिटेन की हेलेन ग्लोवर टोक्यो ओलंपिक खेलों मे शिरकत करनेवाली पहली ब्रिटिश माँ हैं जिन्होंने 2016 में हुए रियो ओलंपिक के बाद लेखक स्टीफन जेम्स बैकशॉल से शादी कर ली और चार सालों में तीन बच्चों की माँ बन गई । उसका पहला बेटा दो साल का है।
बता दें कि हेलेन ने सर्व प्रथम 2 012 का ओलंपिक लंदन में, दूसरा 2016 में रियो डी जनेरियो ओलंपिक में दोनों बार गोल्ड मेडल जीती । अब तीन बच्चों की 35 वर्षीय माँ हेलेन कहती है कि तीसरी बार टोक्यो में मैं पिछले दोनों ओलंपिक से अधिक उत्साह के साथ महिलाओं की कॉक्सलेस जोड़ी स्पर्द्धा में तीसरा स्वर्ण पदक जीतने जा रही हूँ।
चलते-चलते यह भी जानिए कि हेलेन कल से शुरू होने वाले टोक्यो ओलंपिक में कोई कसर छोड़ना नहीं चाहती है। हेलेन आत्मविश्वास के साथ कहती है कि इस ओलंपिक भागीदारी की हैट्रिक के साथ यहाँ मेरा गोल्ड मेडल हैट्रिक भी पूरा होगा |