शिक्षा-शिक्षक के गिरते स्तर पर विराम लगे – कुलपति

“वर्तमान शिक्षा व्यवस्था और भविष्य” विषय पर मधेपुरा महाविद्यालय में शिव-राजेश्वरी क्लब द्वारा आयोजित विचार-गोष्ठी का उद्घाटन करते हुए भू.ना. मंडल वि.वि. के माननीय कुलपति डॉ. बिनोद कुमार ने कहा कि शिक्षा की इस दशा के लिए छात्र, शिक्षक एवं अभिवावक के साथ-साथ सामाजिक एवं राजनीतिक हालात भी जिम्मेवार है। इतिहास से प्रेरणा लेकर हम भविष्य को बेहतर बना सकेंगे तथा शिक्षा के गिरते स्तर पर विराम लगा सकेंगे।

इस अवसर पर माननीय कुलपति महोदय को उनके प्रशंसनीय कार्यों के लिए शिव-राजेश्वरी क्लब के सचिव श्री हर्षवर्द्धन सिंह राठौर एवं अध्यक्षता कर रहे प्रो. निखिल सिंह द्वारा सम्मानित किया गया।

मुख्य अतिथि प्रतिकुलपति डॉ. जयप्रकाश ना. झा, मुख्य वक्ता अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रो. रामनरेश सिंह सहित पूर्व कुलसचिव प्रो. शच्चीन्द्र, पूर्व विधायक श्री संजीव झा एवं श्री सुरेन्द्र यादव, स्नातकोत्तर हिन्दी विभागाध्यक्ष डॉ. विनय कुमार चौधरी आदि ने अपने विचार व्यक्त किये। वक्ताओं की राय थी कि शिक्षा-व्यवस्था का गिरता स्तर एक दिन का परिणाम नहीं है, फिर भी शिक्षक जब निर्लोभ होकर विद्यादान करेंगे तभी भविष्य में उजाला लाया जा सकेगा।

विशेष उपस्थिति में प्रमुख थे – श्री सुरेश कुमार भूषण, श्री संजय परमार, श्री आनन्द, श्री संदीप शांडिल्य, श्री चन्द्रिका यादव, कुलपति के निजी सचिव श्री शंभू नारायण यादव, सुश्री पायल, सुश्री सोनी राज आदि। अन्त में राष्ट्रीय खो-खो खिलाड़ी सुश्री खुशबू कुमारी को क्लब द्वारा गोद लिया गया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ. जवाहर पासवान ने किया। मंच संचालन क्लब के सचिव श्री हर्षवर्द्धन सिंह राठौर नेकिया।

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श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ का एकदिवसीय आयोजन

हाल ही में बी.एन. मंडल स्टेडियम में नौ दिवसीय भागवत ज्ञान यज्ञ सम्पन्न हुआ ही था कि पुनः श्रीकृष्ण मंदिर परिसर, गौशाला, मधेपुरा में एकदिवसीय भागवत ज्ञान यज्ञ का आयोजन 15 जून को हुआ। कथाव्यास विद्वान, अध्यात्म ज्ञाता एवं भागवत कथा के मर्मज्ञ पूज्य गुरु श्री संजयजी महाराज की अमृतवाणी के रसास्वादन हेतु श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटी। इस भव्य आयोजन की सफलता में श्रीकृष्ण मंदिर के अध्यक्ष अवकाशप्राप्त प्रधानाध्यापक श्री परमेश्वरी प्रसाद यादव जी की अहम भूमिका रही।

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भूकम्प के बाद बाढ़ की त्रासदी का अंदेशा

48 घंटे बाद मानसून के आने की सूचना दी जा रही है। इस बीच नेपाल और आसपास के इलाके में किसी के पैर चाहे जिस भी कारण थरथराएं लगता यही है कि कहीं भूकम्प तो नहीं हो रहा है। सामने देखिये तो ऐसा लगता है कि कोसी ने मानसून की आहट पाकर अंगराई लेनी शुरू कर दी हो। कल से ही कोसी के इलाके के गांवों में अचानक पानी का दबाव बढ़ने लगा है। सरायगढ़ प्रखंड के कई गांवों में पानी ने अपना डेरा डाल दिया है। अचानक पानी के बढ़ने और मानसून के आने की सूचना से लोगों के चेहरे पर नेपाल के भूकम्प के बाद 2008 की कुसहा बाढ़ जैसी त्रासदी का अंदेशा स्वाभाविक रूप से दिखने लगा है।

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सांसद पप्पू ने की मृतक बबलू के परिजन की सहायता

आये दिन जिले भर में जर्जर हो रहे बिजली तार लोगों की जान के ग्राहक बन गये हैं। विगत पाँच महीनों में छह जानें जा चुकी हैं। जर्जर तारों की वजह से होता है हादसा। चार दिन कवल गम्हरिया प्रखंड के 28 वर्षीय बबलू, पिता राजो पासी ने हाई टेंसन तार की चपेट में आकर जान गंवा दी।

युवक की मौत पर सांसद पप्पू यादव ने बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता से चार लाख रुपये अविलम्ब मुआवजा के रूप में भुगतान करने को कहा है। साथ ही सांसद ने मृतक के माता-पिता को बेटी की शादी के लिए 50 हजार रु. की राशि भी दी है।

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