पृष्ठ : मधेपुरा अबतक

सिंहेश्वर मेला को राजकीय मेला बनाने को संकल्पित दिखे डी.एम. मो.सोहैल

कोसी प्रमंडल के डी.आई.जी. चंद्रिका प्रसाद द्वारा डी.एम. मो.सोहैल, एस.पी. विकास कुमार, समाजसेवी डॉ. भूपेन्द्र मधेपुरी, मनीष सर्राफ, एस.डी.एम. संजय कुमार निराला, सदर डी.एस.पी, हरि प्रसाद टेकरीबाल आदि की उपस्थिति में पंडा-पंडितों द्वारा मंत्रोच्चारोप्रांत ‘धन्यवाद’ गेट पर ‘गार्ड ऑफ आनर’ लेने के बाद रीबन काटकर मेला का उद्घाटन किया गया | स्काउट गाइड के बच्चे-बच्चियों के साथ आयुक्त जयकृष्ण यादव की अगुवाई में मेला मंच पर आयोजित समारोह की ओर अग्रसर होते रहे सभी अतिथिगण………|

DIG, DM, Dr. Madhepuri, SP, DDC, SDM inaugurating the Mela of Singheshwar.
DIG, DM, Dr. Madhepuri, SP, DDC, SDM inaugurating the Mela of Singheshwar.

मेला मंच पर दीप प्रज्जवलित करने के बाद अतिथियों का स्वागत करते हुए सिंहेश्वर मंदिर न्यास समिति के सदस्य डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने यही उद्गार व्यक्त किया- परमात्मा शिव के ‘दिव्य अवतरण’ की रात्रि ही तो है- शिवरात्रि | यह महापर्व भगवान शिव के निराकार से साकार रूप में आने की मंगल सूचना है | शिव के आभामंडल में करोड़ों देवगण समा जाते हैं इसलिए इन्हें देवों के देव ‘महादेव’ कहा जाता है | यही कारण है कि भारतरत्न डॉ.कलाम से लेकर मधेपुरा के डायनेमिक डी.एम. मो. सोहैल तक शिव-पार्वती की जयकारा करते देखे गये | डॉ.मधेपुरी ने मेले में स्वच्छता एवं सुरक्षा कायम रखने के लिए पब्लिक एवं पुलिस की सजगता पर बल दिया |

Audience attending the inaugural ceremony of Singheshwar Mela.
Audience attending the inaugural ceremony of Singheshwar Mela.

उद्घाटन भाषण में डी.आई.जी. चंद्रिका प्रसाद ने कहा कि सिंहेश्वर स्थान बिहार का देवघर है | डी.एम. मो.सोहैल ने बाबा का जयकारा लगाने के बाद कहा कि सिंहेश्वर मेला को राजकीय मेला बनाने के लिए तैयारियाँ शुरू कर दी गयी है | डी.डी.सी. मिथिलेश कुमार एवं एस.डी.एम. संजय कुमार निराला ने कहा कि अगले वर्ष मेला में किसी तरह की कमी नहीं रहेगी |

From L to R - DIG Chandrika Prasad, Dr. Madhepuri, SP Vikas Kumar, DM Md. Sohail, SDM Sanjay Kumar Nirala enjoying coconut water in Mela campus after inauguration of Coconut Stall.
From L to R – DIG Chandrika Prasad, Dr. Madhepuri, SP Vikas Kumar, DM Md. Sohail, SDM Sanjay Kumar Nirala enjoying coconut water in Mela campus after inauguration of Coconut Stall.

इस मेला उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता मेला समिति के अध्यक्ष डी.एम. मो.सोहैल ने की | मंच संचालन स्काऊट गाइड के आयुक्त जयकृष्ण यादव ने तथा धन्यवाद ज्ञापन एस.डी.एम. संजय कुमार निराला ने |

लगे हाथ केन्द्र सरकार, बिहार सरकार एवं अनेकानेक एन.जी.ओ. द्वारा लगाये गये प्रदर्शनी एवं स्टालों- बच्चों के टीकाकरण, गर्भवती महिला की देखरेख, आपदा प्रबन्धन, कृषि प्रदर्शनी, नारियल बोर्ड प्रदर्शनी….. आदि का उद्घाटन कहीं डी.आई.जी. तो कहीं डी.एम. या फिर कहीं एस.पी. द्वारा किया जाता रहा |

शाम में शिव-विवाह में सम्मिलित बारातियों का नजारा दर्शनीय रहा | चतुर्दिक हर्षोल्लास के साथ वासन्ती वातावरण अबीर-गुलाल से लाल हो गया |

सम्बंधित खबरें


डॉ.मधेपुरी ने ‘परिवर्तन की प्यास’ का किया लोकार्पण

परिवर्तन प्रकृति का शाश्वत नियम है | जन्म के बाद बच्चा शनै:-शनै: किशोरावस्था को प्राप्त करता है और फिर युवा होकर वृद्धावस्था को | नहीं चाहने पर भी परिवर्तन होता ही रहता है | सच तो यह है कि संसार का कोई भी मनुष्य बुढा होना नहीं चाहता, लेकिन बिना बुलाये भी बुढ़ापा उसके पास आ ही जाता है | इससे इतर सामाजिक गैरबराबरी को दूर कर हर क्षेत्र में समानता लाने के लिए ‘परिवर्तन की प्यास’ वाले शूरमाओं में कबीर से लेकर कर्पूरी तक निरन्तर डटे रहे, लगे रहे फिर भी असमानताओं, सामाजिक कुरीतियों एवं अन्धविश्वासों को शून्य के करीब ले जाने की यात्रा पूरी नहीं कर सके………..| आज भी समाज को इन बुराईयों से मुक्ति दिलाने के लिए युवा कवि, कथाकार-नाटककार-उपन्यासकार प्रमोद कुमार सूरज के काव्य संग्रह “परिवर्तन की प्यास” की जरूरत है- ये बातें समाजसेवी-साहित्यकार डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने स्थानीय टी.पी.कॉलेजिएट के परिसर में तब कही जब वे भारतीय जनलेखक संघ के बैनर तले आयोजित “परिवर्तन की प्यास” काव्य-संग्रह के लोकार्पण समारोह का उद्घाटन कर रहे थे |

The Lokarpan Ceremony of Parivartan Ki Pyas written by P.K.Suraj .
The Lokarpan Ceremony of Parivartan Ki Pyas written by P.K.Suraj .

डॉ.मधेपुरी ने अपने उद्घाटन भाषण में कहा कि रस-छन्द एवं अलंकार से मुक्त “परिवर्तन की प्यास” की कुल पैंतीस में से अधिकांश कविताओं में सुकवि सूरज ने देश में व्याप्त अन्याय, अनीति और अत्याचार सहित किसानों-मजदूरों की बदहाली को रोकने के लिए कबीर, गाँधी और सुभाष को बारी-बारी से याद किया है | उन्होंने प्रमोद कुमार सूरज के इस सार्थक प्रयास के लिए तथा भविष्य में रचना धर्मिता को गति देते रहने के लिए हार्दिक शुभकामनाएँ भी दी |

समारोह की अध्यक्षता मंडल वि.वि. के पी.जी. हिन्दी के विभागाध्यक्ष डॉ.इन्द्र ना. यादव ने की और विशिष्ठ अतिथि के रूप में डी.एस.कॉलेज कटिहार के डॉ.सुरेन्द्र ना. यादव एवं डॉ.ओम प्रकाश ने विस्तार से काव्यसंग्रह की समीक्षा कर श्रोताओं को देर तक बांधे रखा | भारतीय जन लेखक संघ के महासचिव महेंद्र ना. पंकज ने संघ के कार्यक्रमों से सबों को अवगत कराते हुए ‘परिवर्तन की प्यास’ की जमकर सराहना की |

द्वितीय सत्र में काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें राजू भैया, उल्लास मुखर्जी, द्विज राज, डॉ.मधेपुरी, संतोष सिन्हा, प्रो.भूपेन्द्र भूप, प्रो.सतीश शर्मा, हरीशचन्द्र मंडल इंजीनियर, प्रो.गजेन्द्र, डॉ.दयानन्द, डॉ.सुरेश कुमार, डॉ.नारायण, सुरेश कुमार शशि, डॉ.नरेन्द्र, प्रो.जय जय राम आदि ने अपनी प्रतिनिधि रचना सुनाकर खूब तालियाँ बटोरी |

आरम्भ में स्वागत गीत प्रस्तुत किया प्रियांशी भारती ने तथा तबले पर संगत किया ब्रजेश कुमार ने | शशि ने गीत-गजल से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया | धन्यवाद ज्ञापन किया मंच संचालक गजेन्द्र कुमार !

सम्बंधित खबरें


महाशिवरात्रि अर्थात् परमात्मा शिव के दिव्य ‘अवतरण’ की रात्रि

आज देश भर में महाशिवरात्रि की धूम है। उत्तर प्रदेश में शिव की नगरी काशी हो या उत्तराखंड में उनकी जटा से निकली गंगा की धरती हरिद्वार, मध्यप्रदेश का उज्जैन हो या गुजरात का सोमनाथ, झारखंड का देवघर हो या बिहार का सिंहेश्वर… भारत के कोने-कोने में स्थित शिवालयों से लेकर पड़ोसी देश नेपाल के विश्वप्रसिद्ध पशुपतिनाथ मंदिर तक शिवभक्तों की भीड़ उमड़ रही है। इस बार की महाशिवरात्रि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि चार साल के बाद शिव के प्रिय दिन सोमवार को महाशिवरात्रि का त्योहार आया है। इस साल महाशिवरात्रि पर दुर्लभ शिवयोग का संयोग बन रहा है। कहा जाता है कि इस विशेष योग में भक्तों को शिव की आराधना का कई गुणा अधिक फल प्राप्त होता है।

महाशिवरात्रि का धार्मिक महत्व बहुत अधिक है। ऐसी मान्यता है कि आज ही के दिन भगवान शिव और देवी पार्वती का विवाह हुआ था। फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी यानि फरवरी-मार्च के महीने में पड़ने वाला ये त्योहार इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि माना जाता है कि आज के दिन भगवान शिव का अंश प्रत्येक शिवलिंग में पूरे दिन और रात मौजूद रहता है।

शिवपुराण के अनुसार सृष्टि के निर्माण के समय महाशिवरात्रि की मध्यरात्रि में शिव अपने रुद्र रूप में प्रकट हुए थे। ज्योतिषशास्त्र के अनुसार फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी तिथि में चन्द्रमा सूर्य के समीप होता है। इसी समय जीवनरूपी चन्द्रमा का मिलन शिवरूपी सूर्य के साथ होता है। अत: महाशिवरात्रि परमात्मा शिव के दिव्य ‘अवतरण’ की रात्रि है। देखा जाय तो यह त्योहार सम्पूर्ण सृष्टि को उनके निराकार से साकार रूप में आने की मंगल सूचना है। महाशिवरात्रि के दिन ग्रहों की दशा कुछ ऐसी होती है कि मानव शरीर में प्राकृतिक रूप से ऊर्जा ऊपर की ओर चढ़ती है।

योग परम्परा में शिव दुनिया के पहले गुरु माने जाते हैं जिनसे ज्ञान की उत्पत्ति हुई थी। इस मार्ग पर चलने वाले शिव की पूजा ईश्वर के रूप में नहीं बल्कि उन्हें आदिगुरु मानकर करते हैं।

एकमात्र शिव हैं जो स्वयं विष पीकर जग को अमृत देते हैं। उनके अलावा कौन है जिसकी पूजा ‘सुर’ ही नहीं ‘असुर’ भी करें। महज बेलपत्र और भांग-धतूरे से प्रसन्न हो जाने वाले शिव ‘सर्वहारा वर्ग’ के एकमात्र देवता हैं। शिवपुराण की ईशानसंहिता में कहा गया है कि आदिदेव शिव महाशिवरात्रि में करोड़ों सूर्यों के समान प्रभाव वाले लिंग रूप में प्रकट हुए थे। इस कथन की व्यावहारिक व्याख्या करें तो हम पाएंगे कि शिव का प्रभाव, उनका आभामंडल सचमुच ऐसा है कि उसमें करोड़ों देव समा जाएं… तभी तो वे देवों के देव हैं… महादेव हैं।

मधेपुरा अबतक के लिए डॉ. ए. दीप

सम्बंधित खबरें


जन सहयोग से ही अपराधमुक्त समाज बनेगा

आई.पी.एस.कुमार आशीष निवर्तमान एस.पी. मधेपुरा (वर्तमान एस.पी.नालंदा) ने शुक्रवार को मधेपुरा के बी.पी.मंडल नगर भवन में आयोजित अपने भव्य विदाई समारोह में उद्गार व्यक्त करते हुए यहाँ के बुद्धिजीवियों, छात्र-नौजवानों एवं व्यापारियों से यही कहा-

“ मधेपुरा हमेशा मेरी यादों में रौशन रहेगा | पुलिस भी समाज का ही हिस्सा है | जनसहयोग की बदौलत ही पुलिस अपराधमुक्त समाज देने में सक्षम हो सकती है | मधेपुरा में पहली बार स्वतंत्र रूप से जिले के कप्तान के रूप में कार्य करते हुए काफी कुछ सीखा और देखा कि यहाँ के लोग काफी मिलनसार हैं और अपराध नियंत्रण में काफी सहयोग करते हैं |”

विदाई समारोह में मधेपुरा के डायनेमिक डी.एम. मो.सोहैल, वर्तमान एस.पी. विकास कुमार, एस.पी. कुमार आशीष के पिताश्री व्रजनंदन प्रसाद, बहन श्रीमती रेखा देवी, डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी, आलराउंडर ए.एस.पी. राजेश कुमार, डी.डी.सी. मिथिलेश कुमार, हेडक्वाटर डी.एस.पी. योगेन्द्र कुमार, एस.डी.एम. संजय कुमार निराला, प्राक्टर डॉ.बी.एन.विवेका, मेजर रमेश चन्द्र उपाध्याय और एस.पी. कुमार आशीष को हृदय से चाहने वाले बच्चे-बूढ़े-नौजवान…….. सहित पुलिस एसोसिएशन के राहुल कुमार, व्यापार संघ के अध्यक्ष योगेन्द्र प्राणसुखका, सचिव रविन्द्र कुमार यादव, दार्जीलिंग पब्लिक के निदेशक किशोर कुमार, गौतम इन्फोटेक के निदेशक, वार्ड पार्षद ध्यानी यादव, प्रशांत कुमार, संदीप शांडिल्य, सुभाष चन्द्र, सोनी राज, सावंत रवि सहित हिन्दुस्तान के व्यूरोचीफ व अन्य मिडियाकर्मी समारोह में अंत तक मौजूद रहे तथा कुमार आशीष को विभिन्न प्रकार के गिफ्ट एवं मालाओं से लादते रहे |

From L to R SP Vikas Kumar, SP Kumar Ashish & Dr.Madhepuri .
From L to R SP Vikas Kumar, SP Kumar Ashish & Dr.Madhepuri .

विदाई समारोह को सम्बोधित करते हुए मो.सोहैल ने कहा कि सरकारी सेवा में स्थानान्तरण स्वाभाविक प्रक्रिया है | सामान्य जन के साथ बेहतर रिश्ते बनाने के लिए मधेपुरा के लोग इन्हें सदा याद करते रहेंगे | छ: महीने के साथ में सर्वाधिक सराहनीय कार्य किया इन्होंने |

वर्तमान एस.पी. विकास कुमार ने कहा कि एस.पी. के रूप में प्रथम पोस्टिंग में ही सर्वाधिक लोकप्रिय बनकर नालंदा एस.पी. के चुनौतीपूर्ण दायित्वों को पूरा करेंगे- यही हमारी कामना है |

डी.डी.सी., एस.डी.एम., वि.वि.कुलानुशासक डॉ.विवेका,………… आदि सभी वक्ताओं ने अपने-अपने व्यक्तव्यों में कुमार आशीष के मंगल भविष्य की कामना की तथा नवपदास्थापित एस.पी. विकास कुमार को यथायोग्य हर संभव सहयोग देने का आश्वासन दिया |

स्पेलिंग बी. चैंपियनशिप के संरक्षक समाजसेवी साहित्यकार डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने एस.पी.आशीष के हिन्दी के प्रति प्रेम की चर्चा विस्तार से करते हुए कहा कि जब-जब हिन्दी स्पेलिंग बी. की परीक्षा होगी तब-तब सभी उनकी चर्चा करेंगे | डॉ.मधेपुरी ने कहा कि एक ओर उन्होंने अपनी माँ मुद्रिका देवी को खोया तो दूसरी ओर हजारों दिलों में जगह बनाया | विदाई की वेला में सभी सन्दर्भों को विस्तार से कहते हुए डॉ.मधेपुरी ने उनके पिता व्रजनंदन प्रसाद एवं बहन श्रीमती रेखा देवी एवं मधेपुरा के डायनेमिक डी.एम. मो.सोहैल की पूरी टीम के समक्ष माताश्री मुद्रिका को याद करते हुए एस.पी. कुमार आशीष को भरपूर आशीष दिया –

तुम तो चले जाओगे आशीष
पर थोड़ा सा यहीं रह जाओगे
जीते रहोगे अपने कर्मों में यहाँ
मधेपुरा व मधेपुरी को कभी न भुला पाओगे ……….!!

इस भव्य विदाई समारोह की अध्यक्षता आलराउंडर ए.एस.पी. राजेश कुमार एवं मंच संचालन ‘राष्ट्रीय वक्ता ’ हर्षवर्धन सिंह राठौर ने किया | इस मौके पर जिले के प्राय: थानाध्यक्ष मनीष कुमार, सुमन कुमार सिंह, राजेश कुमार, राजेश कुमार चौधरी,……….सहित अशफाक आलम, अमित सिंह मोनी, त्रिदीप गांगुली, मास्टर शिवम, विनोद कुमार आदि अन्त तक उपस्थित रहे |

सम्बंधित खबरें


एक शाम : शहीदों के नाम

बिहार सरकार के अपर पुलिस महानिदेशक के निदेश पर सम्पूर्ण प्रदेश में पुलिस-पब्लिक रिलेशन बढ़ाने के लिए पुलिस सप्ताह (22-27 फरवरी) मनाने का संकल्प लिया गया था | पुलिस-पब्लिक के बीच बेहतर सम्बन्धों की  शुरुआत करने हेतु वृक्षारोपण, मैराथन दौड़, फुटबाल मैच, वाँलीबॉल, कबड्डी, ट्रैफिक जागरूकता………….एवं महाविद्यालयों – विश्वविद्यालयों के छात्रों के बीच पुलिस-पब्लिक बेहतर सम्बन्धों के बाबत वाद-विवाद प्रतियोगिता, बाल कलाकारों द्वारा पेंटिंग के साथ-साथ देशभक्त शहीद पुलिसकर्मियों की स्मृति में स्कूली बच्चों द्वारा आयोजित सभी कार्यक्रमों के वेस्ट परफार्मरों तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को पुरस्कृत करने हेतु जिले के डायनेमिक डी.एम. मो.सोहैल, अनुभवी एस.पी. विकास कुमार, आलराउंडर ए.एस.पी. राजेश कुमार, डी.डी.सी. मिथिलेश कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार निराला, एवं समाजसेवी डॉ.भूपेन्द्र नारायण यादव मधेपुरी सहित शहर के सर्वाधिक सूधी श्रोतागण ने स्थानीय बी.एन.मंडल स्टेडियम में “एक शाम : शहीदों के नाम”का भरपूर आनन्द उठाया |

From L to R Dr.Madhepuri, S.P Vikas Kumar, D.M Md.Sohail, D.D.C Mithilesh Kumar, SDM Sanjay Kumar Nirala, ASP Rajesh Kumar along with Citizen of Madhepura enjoying " Ek Sham : Shahidon Ke Naam".
From L to R Dr.Madhepuri, S.P Vikas Kumar, D.M Md.Sohail, D.D.C Mithilesh Kumar, SDM Sanjay Kumar Nirala, ASP Rajesh Kumar along with Citizen of Madhepura enjoying ” Ek Sham : Shahidon Ke Naam”.

इसके पहले दीप प्रज्जवलित कर डी.एम. मो.सोहैल सहित अन्य सभी ने कार्यक्रम का शुभारम्भ किया तथा डी.एम. ने कहा कि पुलिस-पब्लिक के बीच बेहतर सम्बन्ध स्थापित होने के दूरगामी अच्छे परिणाम सामने आयेंगे | एस.पी. विकास कुमार ने स्कूली बच्चों-शिक्षकों एवं बुद्धिजीवियों के सहयोग की सराहना की |

डॉ.मधेपुरी ने विभिन्न स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत किये गये सांस्कृतिक कार्यक्रमों का मुल्यांकन किया जिसके आधार पर तुलसी पब्लिक स्कूल द्वारा प्रस्तुत ‘लोकगीत सेमा चकेवा’ प्रथम, हॉली क्रॉस द्वितीय एवं जितेन्द्र पब्लिक स्कूल को तृतीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया | डॉ.मधेपुरी ने मोहन शकुन्तला स्कूल, माया विद्या निकेतन, दार्जीलिंग पब्लिक स्कूल की भी काफी सराहना की | उन्होंने कहा कि परिमल संगीत केंद्र की प्रस्तुति, रोशन कुमार की गज़ल-गायकी तथा शशिप्रभा की- ‘ऐ मेरे वतन के लोगों………..’ की प्रस्तुति ने कार्यक्रम में चार चाँद लगा दिया |

Thana Adhyaksh Madhepura Manish Kumar & Bharrahi, Ghailadh......thanadhyaksh receiving Certificate of Excellence given by DGP through Dr.Madhepuri, SP, DDC, ASP in Samapan Samaroh at B.N Mandal Stadium Madhepura
Thana Adhyaksh Madhepura Manish Kumar & Bharrahi, Ghailadh……thanadhyaksh receiving Certificate of Excellence given by DGP through Dr.Madhepuri, SP, DDC, ASP in Samapan Samaroh at B.N Mandal Stadium Madhepura

जिले के आधे दर्जन पुलिस पदाधिकारियों और सिपाहियों को एस.पी. विकास कुमार, डी.डी.सी. मिथिलेश कुमार एवं समाजसेवी डॉ.मधेपुरी ने सम्मानित किया और विशेष रूप से डी.जी.पी. द्वारा प्रेषित प्रशस्तिपत्र देकर पुनः सम्मानित किया गया- ए.एस.पी. राजेश कुमार के नेतृत्व में कुख्यात अपराधी को पकड़ने वाले जाँबाज थानाध्यक्ष संजीव कुमार, प्रसुंजय कुमार एवं अमर कुमार व अभिषेक कुमार को संयुक्त रूप से डॉ.मधेपुरी, एस.पी. एवं डी.डी.सी. द्वारा |

आई.जी. द्वारा पुरस्कृत मधेपुरा थानाध्यक्ष मनीष कुमार, ए.एस.आई. अशोक कुमार साह, कमांडो हेड विपिन कुमार, उदयशंकर, वकील, अभिमन्यु, अजय, मनोज, नीतीश एवं धर्मेन्द्र को भी सम्मानित किया गया | हेड कमांडो विपिन को सम्मानित करते समय दर्शकों द्वारा भी जोरदार तालियों से इनको सम्मान दिया गया |

अन्त में अपने आशीर्वचन युक्त सम्बोधन द्वारा डॉ.मधेपुरी ने राम-रावण संवाद को दर्शकों के समक्ष रखा- रावण कहता है- हे राम ! मैं तुमसे अधिक बलवान हूँ, धनवान हूँ,………….., सब कुछ में आगे रहते हुए भी युद्ध में इसलिए तुमसे हार गया कि तुम्हारा भाई तुम्हारे साथ था और मेरा भाई मुझसे अलग……… ! और यह सुनाते हुए डॉ.मधेपुरी ने कहा कि यदि पुलिस-पब्लिक एक साथ मिलकर चले तो भारत का कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता चाहे वह कितना ही बड़ा आतंकवादी क्यों न हो !

इस जानदार-शानदार “एक शाम : शहीदों के नाम” कार्यक्रम की अध्यक्षता आलराउंडर ए.एस.पी. राजेश कुमार ने की और मंच संचालन ‘राष्ट्रीय वक्ता’ हर्षवर्धन सिंह राठौर, ख्यात इप्टाकर्मी सुभाष चंद्रा एवं जिला कबड्डी संघ के सचिव अरुण कुमार ने संयुक्त रूप से किया |

सम्बंधित खबरें


मधेपुरा में स्कूली बच्चों के बीच आयोजित हुआ हिन्दी शब्द स्पर्धा पुरस्कार वितरण समारोह

टी.पी.कॉलेज सभा भवन में स्पेलिंग बी.एसोसिएशन के बैनर तले अंतर विद्यालय हिन्दी शब्द स्पर्धा के सफल प्रतिभागियों को एस.पी. विकास कुमार (आई.पी.एस.) एवं समाजसेवी डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी व कुलानुशासक डॉ.बी.एन.विवेका ने जमकर प्रोत्साहित किया और कप व मेडल देकर सम्मानित किया | इस अवसर पर टी.पी.कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ.एच.एल.एस.जौहरी ने समारोह की अध्यक्षता की तथा रविवार के दिन भी छात्रों से भरे परिसर के बाबत प्रसन्नता व्यक्त की |

पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने उद्घाटन के क्रम में कहा कि बच्चों में प्रतियोगिता की भावना जगाना जरूरी है जो इस तरह के आयोजन से ही जागृत होती है |

Dr
Dr.Madhepuri, SP Vikas Kumar giving momentos to media man Prof.Pradeep Kr Jha & Karate Woman Soni Raj for their excellence .

एसोसिएशन के संरक्षक डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने बच्चों को जहाँ एक ओर मिसाईल मैन भारतरत्न डॉ.कलाम के आदर्शों को अपनाने की बात कही वहीं दूसरी ओर मधेपुरा की बेटी सोनीराज एवं बेटा उज्ज्वल कुमार की तरह समर्पित होकर मधेपुरा को गौरवान्वित करते रहने की विस्तार से देर तक चर्चा की | एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ.बी.एन.विवेका ने प्रतियोगिता से बच्चों के मानसिक विकास होने की चर्चा की |

Manswi Anand from Kiran Public School receiving Champion Prize Cup by Dr.Madhepuri and SP Vikas Kumar .
Manswi Anand from Kiran Public School receiving Champion Prize Cup by Dr.Madhepuri and SP Vikas Kumar .

प्रतियोगिता में किरण पब्लिक, हॉली क्रास…….. आदि लगभग सभी विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया और सफल हुए | सर्वश्रेष्ठ पुरस्कार के.पी.एस. की मनस्वी आनंद को दिया गया | कुल 62 बच्चों को पुरस्कार से नवाजा गया जिसमें 26 को मेधा पुरस्कार दिया गया | संरक्षक डॉ.मधेपुरी व एस.पी. विकास कुमार ने राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों, मीडिया प्रतिनिधियों सहित सोनीराज, मास्टर शिवम, रजाउल, आशिफ, मो.केसर, साक्षी, प्रीति, मनीष एवं रवि आदि को भी सम्मानित किया |

सम्बंधित खबरें


कौशिकी द्वारा आयोजित की गई लोकगीतों के विभिन्न आयामों पर परिचर्चा

कौशिकी क्षेत्र हिन्दी साहित्य सम्मेलन संस्थान के अम्बिका सभागार में आयोजित परिचर्चा की अध्यक्षता हरिशंकर श्रीवास्तव शलभ ने की | उन्होंने विस्तार  से कोसीतट के निवासियों के हर्ष-विषाद के श्वेत-श्याम चित्र के साथ-साथ आत्मा से निकले विदग्ध स्वरों को बखूबी परोसा और दर्शकों की तालियाँ बटोरी |

सम्मेलन के सचिव डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी ने लोकगीत पर डी.लिट. प्राप्त मुख्यवक्ता  डॉ.विनय कुमार चौधरी के शोधकार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि कोसी अंचल में ब्रजेश्वर मल्लिक, नन्द किशोर लाल नन्दन एवं हरिशंकर श्रीवास्तव शलभ आदि कोसी गीत के नायक माने जाते हैं |

मुख्यवक्ता डॉ.विनय कुमार चौधरी ने विस्तार से कोसी गीत में करुण रस की चर्चा करते हुए कहा कि भाषा और छंद के बन्धनों से मुक्त है कोसी गीत | उन्होंने कहा कि कोसी गीतों में कोसीवासियों की जीवन वेदना की सरल,सहज एवं सौम्य अभिव्यक्ति है और यह भी कि कोसी गीत कोसी अंचल की अनमोल धरोहरें है |

पूर्व प्रतिकुलपति डॉ.के.के. मंडल, डॉ.अमोल राय, रघुनाथ प्र.यादव, प्राण मोहन यादव एवं वार्ड पार्षद ध्यानी यादव ने कहा कि कोसी के झाँझर, झूमर, पूजा गीत एवं सोहान गीत सहित अन्य गीतों से कोसी तट का ग्राम्य परिवेश सदा गूंजता रहा है और भविष्य में भी गूंजता रहेगा |

द्वितीय सत्र में सुकवि परमेश्वरी प्रसाद मंडल ‘दिवाकर’ की स्मृति में आयोजित काव्य गोष्ठी का संचालन डॉ.अलोक कुमार एवं उल्लास मुखर्जी ने किया जिसमें संयोजक द्वय सहित संतोष सिन्हा, मणिभूषण वर्मा, द्विजराज, राजूभैया, रतन स्वरुप, राकेश कुमार, आशीष कुमार, चन्दन कुमार, सिया राम यादव मयंक, डॉ.अरविन्द श्रीवास्तव, आस्था प्रिया, विकास कुमार, सचिव डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी एवं अध्यक्ष हरिशंकर श्रीवास्तव शलभ आदि ने काव्य पाठ किया|

अंत में मुख्यवक्ता डॉ.विनय कुमार चौधरी को कौशिकी की ओर से अंगवस्त्रम से अध्यक्ष हरिशंकर श्रीवास्तव शलभ द्वारा सम्मानित किया गया |

Director of Tulsi Public School Shyamal Kumar Sumitra, the grand performer, receiving honour by former PVC Dr.K.K.Mandal, Kaushiki President Hari Shankar Shrivastav Salabh .
Director of Tulsi Public School Shyamal Kumar Sumitra, the grand performer, receiving honour by former PVC Dr.K.K.Mandal, Kaushiki President Hari Shankar Shrivastav Salabh and Sachiv Dr.Madhepuri .

साथ ही आयोजित पुलिस सप्ताह के समापन समारोह में तुलसी पब्लिक स्कूल के बच्चों द्वारा विकास कुमार के निर्देशन में प्रदर्शित किये गये सांस्कृतिक  कार्यक्रमों में प्रथम आने के उपलक्ष्य में निदेशक श्यामल कुमार सुमित्र को मोमेंटो देकर कौशिकी के सचिव डॉ.मधेपुरी द्वारा सम्मानित किया गया |

धन्यवाद् ज्ञापन कौशिकी के संस्थापक पं. युगल शास्त्री प्रेम की पुत्रवधू तारा शरण ने किया |

सम्बंधित खबरें


Madhepura में ‘हिन्दुस्तान’ द्वारा किया गया हास्य कवि सम्मलेन का आयोजन

शहर के बीच शहीद चुल्हाय मार्ग पर स्थित चन्द्रिका यादव के माया विद्या निकेतन के परिसर में ‘हिंदुस्तान’ के ब्युरोचीफ ‘अमिताभ’ की टीम के जाँवाजों की मेहनत से मंगलवार की शाम ‘यादगार’ तब बन गई जब हास्य कवियों के तीखे व्यंगवाणों  एवं कटाक्षों के बीच बुद्धिजीवी श्रोतागण देर रात तक हँसते रहे, ठहाके पर ठहाके लगाते रहे और लोट-पोट होते रहे | सबों ने कहा हिंदुस्तान का ब्युरोचीफ़ अमिताभ ने किया कमाल और मध्य-प्रदेश से आये हास्य कवि सम्राट शशि कान्त यादव की प्रस्तुति रही बेमिसाल !

VIP Guests Sitting from L to R- Zila Parishad Adhyaksha Manju Devi, DPO Md.Q.Ansari, DM Md.Sohail, ASP Rakesh Kumar, Registrar Dr.B.N.Viveka and Samajsevi Dr.Madhepuri .
VIP Guests Sitting from L to R- Zila Parishad Adhyaksha Manju Devi, DTO Md.Q.Ansari, DM Md.Sohail, ASP Rakesh Kumar, Registrar Dr.B.N.Viveka and Samajsevi Dr.Madhepuri .

हास्य कवि सम्मलेन का उद्घाटन जिले के डायनेमिक डी.एम. मो.सोहैल द्वारा जिला परिषद् अध्यक्षा मंजू देवी, ऑल राउंडर ए.एस.पी. राजेश कुमार, बी.एन.एम.यू.कुलपति डॉ.विनोद कुमार द्वारा ईम्पावर्ड प्रभारी कुलसचिव डॉ.विश्वनाथ विवेका एवं हमेशा कुछ नया करने वाले ‘हिन्दुस्तान’ के ब्युरोचीफ़ अमिताभ की गरिमामयी उपस्थिति में संयुक्तरूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया | स्वागतगान के बाद अतिथियों एवं कवियों को बुके व मोमेंटो देकर अमिताभ द्वारा अभिनंदन किया गया– जो समाज को जोड़ते हैं, तनाव को तोड़ते हैं और हर शब्द में हँसी का रंग भरते हैं |

हमेशा घरों से बाहर रहने वाले चर्चित कवियों– डॉ.विष्णु सक्सेना, कवियित्री डॉ.भुवन मोहिनी, हास्य कवि सम्राट शशिकांत यादव, मुकुल महान, डॉ.अनिल चौबे, राम बाबू सिकरवार एवं क्षितिज उमेन्द्र मधेपुरा के लोगों को निरंतर ठहाके लगाने के लिए अपने-अपने गीतों एवं कला कौशलों से नई-नई ऊर्जा प्रदान करते रहे |

Minister Prof.Chandrashekhar enjoying the moment along with Dr.Madhepuri, Registrar, ASP, DTO, Zila Parishad Adhyaksha and others .
Minister Prof.Chandrashekhar enjoying the moment along with Dr.Madhepuri, Registrar, ASP, DTO, Zila Parishad Adhyaksha and others .

बहुत विलम्ब से पहुंचे बिहार सरकार के आपदा प्रबंधन मंत्री प्रो.चन्द्रशेखर सहित शहर के प्रतिष्ठित जनों डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी, प्रो.श्यामल किशोर यादव, डॉ.शांति यादव, अधिवक्ता धीरेन्द्र कुमार झा, कृतनारायण यादव, डॉ. विनय कुमार चौधरी, डॉ.पूनम यादव, डॉ.सिद्धेश्वर काश्यप, डॉ.जवाहर पासवान, डॉ.मुस्ताक, डॉ.नायडू, श्वेतकमल उर्फ़ बौआ जी, प्रशांत कुमार के अलावे जिला प्रसाशन, पुलिस प्रसाशन, व्यापार संघ, छात्र संघ के पदाधिकारियों के साथ-साथ सुधी श्रोताओं की बड़ी भीड़ को देर रात तक बाँधे रखने में हास्य कवि सम्राट शशिकान्त यादव की महारत केवल दर्शनीय ही नहीं बल्कि सर्वाधिक प्रशंसनीय भी बनी रही | श्री यादव ने सुधीश्रोताओं को यह सिद्ध कर दिखा दिया कि गीत के शब्दों को परोसने की कला मात्र से ही लोगों के मानसिक तनाव का हरण करना उनके लिए बायें हाथ का खेल है | सच है कि शशिकांत ने योग की चर्चा किये बगैर स्वामी रामदेव से कहीं ज्यादे तालियाँ श्रोताओं से बजवा ली | मधेपुरा अबतक हास्य कवि शशिकांत यादव को और ब्युरोचीफ़ अमिताभ के इस कार्यक्रम को सदा याद करता रहेगा |

सम्बंधित खबरें


मधेपुरा कॉलेज में ‘भ्रष्टाचार’ पर दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार

यू.जी.सी. नई दिल्ली द्वारा निर्धारित “भ्रष्टाचार: कारण व निवारण” विषय पर  मधेपुरा कॉलेज के प्राचार्य डॉ.अशोक कुमार एवं सेमिनार के सह-संयोजक डॉ.पूनम यादव ने बड़े ही मनोयोग से दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का भव्य आयोजन किया जिसमें बी.एन.एम.यू. के प्रतिकुलपति डॉ.जयप्रकाश ना.झा, बलिया उत्तर प्रदेश के जिला न्यायाधीश डॉ.रामलखन सिंह यादव, झारखण्ड के सिद्धू कानू वि.वि. के ख्यातिप्राप्त अर्थशास्त्री डॉ.नागेश्वर शर्मा, मंडल वि.वि. के शिक्षाविद डॉ.ब्रह्मदेव साह, डॉ.अशोक कुमार आलोक, डॉ.नरेन्द्र श्रीवास्तव, प्रो.शचीन्द्र, प्रो.सच्चिदानन्द, डॉ.भूपेन्द्र मधेपुरी सहित स्नातकोत्तर विभागाध्यक्ष अर्थशास्त्री डॉ.आर.के.पी.रमण, प्रसिद्ध साहित्यकार डॉ.विनय कुमार चौधरी, समाजशास्त्री डॉ.आलोक कुमार, डॉ.सिद्धेश्वर काश्यप, डॉ.मुस्ताक, प्रो.मनोज भटनागर, डॉ.भगवान् कुमार मिश्र, प्रो.मणिभूषण वर्मा, प्रो.अजय कुमार, आदि द्वारा भ्रष्टाचार को समाज के लिए कैंसर करार देते हुए उसके कारण एवं निवारण पर दो दिनों यानी 20 एवं 21 फरवरी को कई सत्रों में विस्तार से चर्चाएँ हुई | अलग-अलग हॉल में शोधार्थियों द्वारा आलेख प्रस्तुत/वाचन किये गये |

Grand Success of National Seminar on- "Corruption- Causes & Remedies" at Madhepura College Madhepura .
Grand Success of National Seminar on- “Corruption- Causes & Remedies” at Madhepura College Madhepura .

इस राष्ट्रीय सेमिनार में पूर्णिया, कटिहार, किशनगंज,  मधेपुरा, सहरसा, सुपौल, अररिया, खगड़िया जिले के अतिरिक्त सम्पूर्ण बिहार के शोधार्थी, शिक्षक एवं इच्छुक छात्र-छात्राएँ भी भाग लिए | सौ से अधिक शोधार्थियों की भागीदारी हुई | सबों ने अपने आलेख के माध्यम से यही कहा कि भ्रष्टाचार घुन की तरह समाज को निष्प्राण कर रहा है | भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने के लिए सबों को मिलकर संघर्ष करना होगा |

Research Scholars, Teachers & Audience present in the Seminar Hall of Madhepura College Madhepura .
Research Scholars, Teachers & Audience present in the Seminar Hall of Madhepura College Madhepura .

न्यायविद डॉ.रामलखन सिंह यादव ने न्यायिक सन्दर्भ के साथ-साथ आर्थिक, राजनीतिक, सामाजिक व शैक्षिक सन्दर्भों आदि की भी विस्तार से चर्चाएँ की और कहा कि भ्रष्टाचार की जड़ में राजनेताओं की सोच है | वहीं डॉ.नागेश्वर शर्मा द्वारा आजादी के बाद से अबतक के तमाम अनगिनत घोटालों का विस्तार से चर्चाएँ की गयी | प्रतिकुलपति डॉ.जयप्रकाश ना.झा ने भ्रष्टाचार की चर्चा करते हुए ट्रेन में चेन पुल करने की भी बातें कही | संपादक चंदन शर्मा ने कहा कि भ्रष्टाचार की जड़ में जनता है जो हर जुल्म को सहते आ रही है जबकि देश में भ्रष्टाचार की स्थिति विस्फोटक है |

स्थानीय शिक्षा शास्त्रियों- प्रो.शचीन्द्र, अर्थशास्त्री प्रो.सच्चिदानन्द ने विस्तार से क्रमशः धार्मिक एवं आर्थिक संदर्भों की व्याख्या करते हुए भ्रष्टाचार के छोटे-बड़े उदाहरणों को प्रस्तुत किया |

Dr.Madhepuri addressing the audience in the Seminar Hall .
Dr.Madhepuri addressing the audience in the Seminar Hall .

समाजसेवी व भौतिकी के विद्वान् डॉ.मधेपुरी ने समाजवादी मनीषी भूपेन्द्र नारायण मंडल एवं भारतरत्न डॉ.ए.पी.जे.अब्दुल कलाम के साथ बिताये गये मार्मिक क्षणों को उद्घाटित किया और कहा कि ऐसे सहज जीवन के धारकों की जीवनी स्कूली बच्चों के पाठ्यक्रम में शामिल किये जाँय | उन्होंने यह भी कहा कि आजादी के पूर्व न जाति थी और न पार्टी, बल्कि आजादी जैसे ऊँचे उद्देश्य की प्राप्ति के समक्ष- भ्रष्टाचार भी विलीन हो गया था | आजादी के बाद हमारे राजनेताओं द्वारा ऐसे किसी उद्देश्य के लिए देश को जगाया नहीं जा सका जिसके कारण लोगों ने खुद को आंतरिक विकारों के अधीन करके भ्रष्टाचार को गले लगा लिया | निवारण के लिए आर्थिक असमानता को दूर करना होगा तथा त्याग व आत्म नियंत्रण को गले लगाना होगा | डॉ.मधेपुरी ने इस सेमिनार में आयोजित कविगोष्ठी एवं मुशायरा में अपनी जिन पंक्तियों के माध्याम से तालियाँ बटोरी- वे हैं :-

आजादी मिल गई हमें, पर हम अपनी पहचान भुलाये |
ऊपर से हम कहें बुरा, पर लूट हमें अन्दर से भाये ||
लो मिली मुल्क को आजादी, सचमुच हम आजाद हो गये |
पूर्वज की गौरव समाधि पर, लेकिन हम सौ बार रो गये ||

कविगोष्ठी में रांची के मो.अनवर, सैयद अख्तर, मनीभूषण वर्मा, जयश्री, डॉ.आलोक कुमार, डॉ.इन्द्र ना.यादव, मनोज झा, भारती-आरती-अपर्णा आदि ने भाग लिया तथा मंच संचालन डॉ.काश्यप एवं डॉ.विनय कुमार चौधरी ने संयुक्त रूप से किया | सुधि श्रोता के रूप में डॉ.अमोल राय, डॉ.नूतन आलोक, डॉ.वीणा कुमारी, डॉ.अर्जुन, प्रो.एन.के.सिंह, प्रो.शोभा कुमारी, प्रो.अभय कुमार, डॉ.बद्री नारायण यादव, प्रो.आशा शर्मा, नन्द किशोर यादव, सचिव सच्चिदानन्द, डॉ.अरुण कुमार आदि अंत तक जमे रहे |

सम्बंधित खबरें


दो बूंद जिंदगी की

जिले की गतिविधियों पर सम्यक नजर रखनेवाले डी.एम. मो.सोहैल ने बताया कि “दो बूंद जिंदगी की” समस्त भारतीय बचपन को खुशियाँ भरी जिंदगी दे रही है- जिसके लिए संयुक्त राष्ट्र ने 1988 में ही अभियान शुरू किया था |

उन्होंने कहा कि आगामी 21 फरवरी से 25 फरवरी तक के पल्स पोलियो अभियान को सफल बनाने के लिए अभ्यास मध्य विद्यालय मधेपुरा में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ.ललन कुमार लक्ष्मण द्वारा आंगनबाड़ी सेविका, आशा एवं अन्य स्वयंसेवी संस्थाओं से जुड़े कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण भी दिया जा चुका है | डॉ.लक्ष्मण ने बताया कि प्रशिक्षण के दरमियान सेविका करुणा कुमारी एवं आशा-प्रमिला-उषा, नीतू-रिंकू आदि ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया |

 

सम्बंधित खबरें